Home Astrology रायपुर में ‘सरके चुनर तेरी’ गाने पर विवाद : नोरा फतेही और...

रायपुर में ‘सरके चुनर तेरी’ गाने पर विवाद : नोरा फतेही और संजय दत्त के खिलाफ थाने में शिकायत, वकील ने की FIR की मांग

0
3

 

 

वकील अनुराग गुप्ता ने दर्ज कराई शिकायत

 

रायपुर जिले में वकील अनुराग गुप्ता ने बॉलीवुड स्टार नोरा फतेही और संजय दत्त के खिलाफ ‘सरके चुनर तेरी’ गाने को अश्लील बताते हुए सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई है।

 

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में बॉलीवुड से जुड़ा एक मामला सामने आया है। दरअसल, अभिनेत्री नोरा फतेही और अभिनेता संजय दत्त के खिलाफ एक वकील द्वारा सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है। यह शिकायत उनके हालिया गाने को लेकर की गई है, जिसे लेकर आपत्ति जताई जा रही है।

 

मिली जानकारी के अनुसार, वकील अनुराग गुप्ता ने थाने में शिकायत देते हुए ‘सरके चुनर तेरी’ गाने के बोल और उसके दृश्य को अश्लील बताया है। उनका आरोप है कि, इस तरह के गाने समाज में गलत संदेश देते हैं और सांस्कृतिक मूल्यों को ठेस पहुंचाते हैं। शिकायत में उन्होंने पुलिस से इस मामले में FIR दर्ज करने की मांग भी की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और शिकायत के आधार पर आगे की कार्रवाई पर विचार किया जा रहा है।

 

 

 

 

रिलीज होने वाली नई फिल्म का है गाना

गौरतलब है कि, 30 अप्रैल 2026 को रिलीज होने वाली KD: The Devil फिल्म का गाना ‘सरके चुनर तेरी’ 14 मार्च 2026 को रिलीज हुआ है। इस गाने में काफी आपत्तिजनक लाइन्स होने के कारण वकील अनुराग गुप्ता ने थाने में शिकायत दर्ज कराई है।

 

समाज में उत्पन्न हो सकता है आक्रोश

वकील अनुराग गुप्ता कहना है कि, गाने में अभिनेत्री नोरा फतेही एवं अभिनेता संजय दत्त प्रमुख रूप से दिखाई देते हैं। इस गीत के हर एक शब्द, दृश्य और नृत्य प्रस्तुति बहुत हु अश्लील है और सामज के नैतिक मूल्यों के विरुद्ध हैं, जिसके कारण समाज में व्यापक आक्रोश उत्पन्न हो सकता हैं।

 

विवादों में आए आपत्तिजनक गाने की लिरिक्स कुछ इस प्रकार हैं-

 

अरे.. अरे सर.. सर.. सर.. सर

सर से चुंदरी सरके

अरे.. धक.. धक.. धक धक

दिल ये मेरा धड़के

 

हल्लू से तू थाम ले

ये पल्लू मेरा तेरा नाम ले

 

सरके सरके चुनार तेरी सरके

सरके सरके चुनार तेरी सरके

खलनायक हूं मैं

 

पहले उठले अंदर वो डेल

नीचे एक बूंद ना गिराये

खाली करके निकले

 

मुझे न गिराना मुझे लगता है डर

भेद खुल जाए न संभल के जाना घर

चुनोगे या चटेगा, जो करेगा कर

तेरी बोतल पर ना पड़े किसी की भी नज़र

 

सरके सरके.. चुनार तेरी सरके

सरके सरके.. चुनार तेरी सरके..

खलनायक हूं मैं

 

ओ मुछों वाले इतना बता दे

घर में जवान घरवाली

क्यों चाहे बहार वाली

 

मेहंगी हुं मैं थोड़ी पर आउंगी ना घबरा

खुश हो जाए तो फिर मुझे लहंगा दिला

देखने में हूं नरम छूने ले तो गरम

चटपटी मैं यार जैसा आम का अचार

 

सरके सरके.. चुनार तेरी सरके

सरके सरके.. चुनार तेरी सरके..

खलनायक हूं मैं..