समाचार विशेष : *बस्तर से उठी ‘भूदान’ की नई चेतना: डॉ. राजाराम त्रिपाठी ने भूमि ट्रस्ट बनाकर भूमिहीन आदिवासी भाइयों को खेती हेतु भूमि देने का लिया संकल्प,*
*भूमि ट्रस्ट का संकल्प: डॉ. राजाराम त्रिपाठी द्वारा अपनी भूमि को ट्रस्ट में देकर भूमिहीन आदिवासियों को खेती हेतु देने की ऐतिहासिक घोषणा,*
*भूदान का नया मॉडल: सामूहिक जैविक खेती और नेचुरल ग्रीनहाउस को भूदान आंदोलन की आधुनिक व्याख्या के रूप में सराहा गया।*
*राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता: 35,000 किमी यात्रा कर चुके रमेश भाई ने कोंडागांव मॉडल को देश का अद्वितीय कृषि समाधान बताया।*
*देशभर में विस्तार: विनोबा भावे के आश्रमों में भी इस मॉडल को लागू करने की दिशा में सहमति और पहल,*
कोंडागांव, 04 अप्रैल 2026 पंच राज्यों की ‘भूदान स्मृति विचार एवं...