
बिलासपुर के बाल संप्रेक्षण गृह में चौकीदार की हत्या का सनसनीखेज मामला। हाथ-पैर बांधकर हत्या करने का आरोप चार नाबालिग बालकों पर है, जो घटना के बाद फरार हो गए।
। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के सरकंडा थाना क्षेत्र स्थित बाल संप्रेक्षण गृह में सोमवार देर रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई। यहां तैनात चौकीदार नरेंद्र कुमार खांडे (40) की हत्या कर दी गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, वारदात को चार बाल अपचारियों ने अंजाम दिया और घटना के बाद मौके से फरार हो गए। पुलिस उनकी तलाश में जुटी है।
वारदात के बाद चारों आरोपी फरार
मिली जानकारी के अनुसार, मृतक नरेंद्र कुमार खांडे तखतपुर क्षेत्र के अरईबंद गांव का रहने वाला था और पिछले करीब एक वर्ष से बाल संप्रेक्षण गृह में चौकीदार के रूप में कार्यरत था। सोमवार रात करीब 11 बजे चार बाल अपचारियों ने पहले चौकीदार के साथ मारपीट की। इसके बाद उसके हाथ-पैर बांध दिए गए। आरोप है कि आरोपियों ने उसका गला दबाया और मुंह में गमछा ठूंस दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। इसके बाद चारों मौके से फरार हो गए।
मामले की गहन जांच कर रही पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही सरकंडा थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि, हत्या के बाद चारों बाल अपचारी बाल संप्रेक्षण गृह से भाग निकले। हालांकि, घटना के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और अन्य पहलुओं के आधार पर जांच कर रही है।
पीएम रिपोर्ट के बाद मिलेगी संपूर्ण जानकारी
इस घटना ने बाल संप्रेक्षण गृह की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस स्थान पर कानून से संघर्षरत बच्चों की निगरानी और सुरक्षा की जिम्मेदारी होती है, वहीं चौकीदार की हत्या और बाल अपचारियों के फरार होने की घटना ने सुरक्षा इंतजामों की पोल खोल दी है। सरकंडा थाना पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। फरार चारों बाल अपचारियों की तलाश के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद हत्या के कारणों और घटनाक्रम की स्पष्ट जानकारी सामने आएगी





