कतर फारस की खाड़ी में मौजूद एक छोटा-सा रेगिस्तानी देश था, जहां ज्यादातर लोग मोती निकालने और समुद्र से जुड़े छोटे-मोटे कारोबार पर निर्भर थे। फिर प्राकृतिक गैस ने इस देश की किस्मत पूरी तरह बदल दी।
कतर ने 90 के दशक में बड़े पैमाने पर LNG यानी लिक्विफाइट नैचुरल गैस बनाकर उसे होर्मुज स्ट्रेट के जरिए दुनियाभर में भेजना शुरू किया। इससे उसे हर साल अरबों डॉलर की कमाई होने लगी। सिर्फ 30 साल में वह दुनिया के सबसे अमीर देशों में शामिल हो गया।
लेकिन 28 फरवरी के बाद अचानक सब बदल गया। जंग शुरू होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट बंद हो गया और कतर की दुनिया तक पहुंच लगभग कट गई है। युद्ध और तनाव की खबरों ने पर्यटन और कारोबार पर भी असर डाला है। इससे देश में मंदी का खतरा बढ़ गया है।
भारत भी कतर से भारी मात्रा में प्राकृतिक गैस खरीदता है। अलग-अलग रिपोर्टों के मुताबिक, भारत की कुल LNG आयात का करीब 40% से 47% हिस्सा कतर से आया है।




