कवर्धा । भोरमदेव अभ्यारण्य के चिल्फी परिक्षेत्र में दो गौर (बायसन) के अवैध शिकार का गंभीर मामला सामने आया है। घटना संरक्षित कक्ष पी.एफ. 333 बहनाखोदरा में हुई। आरोपियों ने करंट का उपयोग कर दोनों बायसन को मार दिया और उनके मांस को काटकर आपस में बाँट लिया।
वन विभाग ने मामले में तेजी दिखाते हुए 18 नवंबर को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 और लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध किया।
वनमण्डलाधिकारी कवर्धा निखिल अग्रवाल और अधीक्षक भोरमदेव अभ्यारण्य के निर्देशन में कार्रवाई संपन्न हुई। विभाग ने स्पष्ट किया कि वन्यजीव अपराधों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और अभ्यारण्य क्षेत्र में निगरानी और मजबूत की जा रही है।वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत नजदीकी वन अमले को दें।




