Home KORBA रेलवे बोर्ड की ताजा रिपोर्ट में खुलासा,माल गाड़ियों के कारण लेट की...

रेलवे बोर्ड की ताजा रिपोर्ट में खुलासा,माल गाड़ियों के कारण लेट की जा रही है यात्री ट्रेन,कोरबा के जनप्रतिनिधियों के मुंह पर तमाचा

0
7

Acn18. Com.दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) बिलासपुर जोन में यात्री ट्रेनों की अनिश्चित लेटलतीफी और लगातार रद्द होने की असल वजह अब सामने आ गई है। रेलवे बोर्ड की एक ताजा रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि बिलासपुर जोन भारतीय रेलवे के लिए कमाई का सबसे बड़ा जरिया (दुधारू गाय) बना हुआ है, जहां सारा ध्यान मालगाड़ियों (गुड्स ट्रेनों) से राजस्व जुटाने पर केंद्रित है। नतीजा यह है कि आम यात्रियों की ट्रेनें समय पर चलाना रेलवे प्रबंधन की प्राथमिकताओं में पिछड़ गया है।

​रेलवे बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे माल ढुलाई के मामले में लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। कोयला, लौह अयस्क और भारी औद्योगिक सामानों के परिवहन से रेलवे को रोजाना करोड़ों रुपये का राजस्व प्राप्त हो रहा है।

​ इस वित्तीय सफलता की कीमत छत्तीसगढ़ और आसपास के राज्यों के उन लाखों यात्रियों को चुकानी पड़ रही है जो रोजाना एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों से सफर करते हैं। मालगाड़ियों को निर्बाध रास्ता देने (क्लियर पाथ) के चक्कर में यात्री ट्रेनों को साइडिंग और आउटर स्टेशनों पर घंटों रोक दिया जाता है।

​

​ कोयला और माल परिवहन को गति देने के लिए यात्री ट्रेनों के समय (टाइम टेबल) के साथ समझौता किया जा रहा है।

​ बिलासपुर जोन से गुजरने वाली और यहां से शुरू होने वाली लगभग आधी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से घंटों देरी से चल रही हैं। रोजाना सफर करने वाले नौकरीपेशा लोग, छात्र और गंभीर मरीज घंटों स्टेशनों पर फंसने को मजबूर हैं।पटरियों के रखरखाव और विकास कार्यों का हवाला देकर दर्जनों ट्रेनों को लगातार रद्द या रीशेड्यूल किया जा रहा है, जबकि उसी रूट पर मालगाड़ियां बेधड़क दौड़ रही हैं।

​

​रेलवे प्रशासन के इस रवैये से यात्रियों में भारी रोष है। कोरबा सहित​छत्तीसगढ़ के स्टेशनों पर आए दिन ट्रेन रद्द होने या उनके 4 से 8 घंटे लेट चलने से यात्रियों को जो आर्थिक व मानसिक परेशानी उठानी पड़ रही है

error: Content is protected !!