पुलिस प्रताड़ना से घबराकर माखन ने कर ली आत्महत्या
चोरों की हरकत आम करने की मिल रही थी सजा
निष्पक्ष जांच की मांग वरना होगा आंदोलन

छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री विजय शर्मा का गृह जिला एक बार फिर सुर्खियों में है। एक निर्दोष व्यक्ति को इतना परेशान किया गया कि उसने खुदकुशी कर लेने में ही अपनी भलाई समझी। पुलिस जहां इस मामले को रफा दफा करने में जुटी है वही मृतक के समाज द्वारा कठोर रुख अपनाया जा रहा है
हुआ यूं कि छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले के अचानकपुर गांव निवासी माखनलाल यादव ने आत्महत्या कर ली ।इस आत्मघाती कदम का कारण पुलिस को बताया गया है। पता चला है की माखनलाल यादव और गोपाल यादव सगे भाई हैं। किसी व्यक्ति ने कहीं चांदी की चोरी की व किसी और के यहां बेंच दिया। जिस तीसरे व्यक्ति ने चांदी चोर से खरीदी थी वह माखन यादव के भाई गोपाल को बहुत सस्ते कीमत पर बेचने का प्रयास कर रहा था।
गोपाल यादव को संदेह हुआ की महंगी चांदी सस्ते दर पर यह व्यक्ति क्यों बेच रहा है। गोपाल ने इस मामले को व्हाट्सएप के जरिए आम कर दिया। चांदी का फोटो व्हाट्सएप में डाले जाने के बाद पुलिस ने चांदी चोर को पकड़ लिया
चांदी चोर जो गोपाल यादव द्वारा उसकी करतूत को आम कर देने से खफा था उसने पुलिसकर्मियों से कह दिया कि गोपाल यादव भी चोरी में उसके साथ था।
पुलिस वालों ने गोपाल की बात पर यकीन नहीं किया बल्कि चोर की बात मानकर गोपाल को थाना लाकर उसकी जमकर पिटाई कर दी जिसके कारण वह चलने फिरने में असमर्थ हो गया ।
यही नहीं. एक सब इंस्पेक्टर चंद्रवंशी पटेल ने कुछ पुलिस कर्मियों के साथ उसी अर्धरात्रि को माखन यादव के घर पहुंच कर उसकी भी जमकर पिटाई कर दिया। पुलिस अधिकारी ने माखन और गोपाल के परिवार से तीन लाख रुपए देने की मांग की नहीं देने की स्थिति में पूरे परिवार को जेल भेजने की धमकी दी गई
जेल जाने की धमकी से घबराकर माखन ने गांव के कुछ लोगों से पुलिस वालों को देने के लिए उधारी पैसे मांगे लेकिन रुपए नहीं मिले। तब पुलिस वाले माखन यादव की मोटरसाइकिल और उसके कागजात ले गए। पुलिस की ज्यादती से घबराकर माखन यादव ने फांसी लगा लिया
31 जुलाई को एसडीओपी मृतक के परिवार से मिलकर उन्हें 25 000 रुपए की मदद दी और बताया कि दोषी पुलिस वालों को लाइन अटैच कर दिया गया है। आप लोगों को सरकार से और मदद दिलाई जाएगी
इस घटना की जानकारी मिलने पर सर्व यादव समाज के प्रदेश अध्यक्ष रमेश यदु अचानकपुर गांव पहुंचे और यादव समाज के अनेक पदाधिकारी के साथ बैठक ली। विचार विमर्श के पश्चात निर्णय लिया गया की 4 अगस्त दिन सोमवार को सर्व यादव समाज जिला कवर्धा द्वारा न्यायिक जांच की मांग करते हुए पुलिस और प्रशासन को ज्ञापन सोपा जाएगा यदि इसके पश्चात भी दोषी पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई नहीं की गई तो संपूर्ण प्रदेश का यादव समाज कवर्धा पहुंचकर जिला मुख्यालय का घेराव करेगा।




