अंबिकापुर। सरगुजा जिले में मलेरिया के मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। लूंड्रा, लखनपुर और उदयपुर क्षेत्र में मलेरिया के संक्रमण का मामला सामने आया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, लूंड्रा और उदयपुर इलाके में अब तक 74 मलेरिया मरीजों की पहचान की गई है।
मलेरिया के मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित गांवों में सघन जांच और रोकथाम अभियान शुरू कर दिया है। पहाड़ी और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य टीमों को सक्रिय किया गया है।
इन पहाड़ी इलाकों में फैला संक्रमण
जानकारी के अनुसार, मतरिंगा, खर्रानगर, मुसरडांड समेत आसपास के कई पहाड़ी इलाकों में मलेरिया के मरीज सामने आए हैं। दुर्गम और दूरस्थ क्षेत्रों में संक्रमण फैलने की जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है।
स्वास्थ्य विभाग की टीमें प्रभावित इलाकों में पहुंचकर बुखार से पीड़ित लोगों की जांच कर रही हैं।
घर-घर पहुंचकर RDT किट से जांच
मलेरिया की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने घर-घर जाकर जांच अभियान शुरू किया है। बुखार से पीड़ित लोगों की मौके पर ही RDT किट (Rapid Diagnostic Test) से जांच की जा रही है।
जांच में मलेरिया पॉजिटिव पाए जाने वाले मरीजों का स्वास्थ्य विभाग के निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार तत्काल उपचार शुरू किया जा रहा है। साथ ही प्रभावित क्षेत्रों में मलेरिया की रोकथाम के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज कराने की वजह से हुई देरी?
बताया जा रहा है कि प्रभावित पहाड़ी इलाकों में कई लोग लंबे समय से झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज करा रहे थे। इसके कारण मलेरिया के मामलों की जानकारी स्वास्थ्य विभाग तक समय पर नहीं पहुंच सकी।
अब स्वास्थ्य विभाग की टीमें गांवों में पहुंचकर लोगों की जांच कर रही हैं और मलेरिया के लक्षण मिलने पर तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।





